Karva Chauth 2025: सुहागिनों के लिए व्रत, पूजन और विधि

परिचय (Introduction):

Karva Chauth 2025 हर शादीशुदा महिला के लिए एक महत्वपूर्ण पर्व है, जिसे भारत में बहुत ही श्रद्धा और प्रेम के साथ मनाया जाता है। यह पर्व हर साल कार्तिक मास की कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि को आता है, जब सुहागिन स्त्रियां अपने पति की लंबी उम्र और सुख-समृद्धि के लिए निर्जला व्रत रखती हैं। इस दिन चंद्रमा (Moon) को अर्घ्य देने के बाद ही व्रत पूरा किया जाता है। इसलिए, महिलाओं के लिए Karva Chauth 2025 moonrise time in India जानना बहुत आवश्यक होता है। इस लेख में हम करवा चौथ के महत्व, पूजन विधि, चंद्रोदय के समय, और इस व्रत से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जानकारियों पर चर्चा करेंगे।

Karva Chauth 2025 की तिथि और चंद्रोदय का समय (Karva Chauth 2025 date and moonrise time):

करवा चौथ 2025 की तिथि और चंद्रोदय के समय की सही जानकारी हर महिला के लिए जरूरी होती है, क्योंकि बिना चंद्र दर्शन और अर्घ्य दिए व्रत पूरा नहीं माना जाता।

Karva Chauth 2025 Date: शनिवार, 11 अक्टूबर 2025  

Chaturthi Tithi Begins: 10 अक्टूबर 2025, रात 08:00 बजे।  

Chaturthi Tithi Ends: 11 अक्टूबर 2025, शाम 06:20 बजे।  

Karva Chauth 2025 moonrise time in India: विभिन्न शहरों में चंद्रमा के उदय होने का समय अलग-अलग होता है।

भारत के प्रमुख शहरों में चंद्रोदय का समय (Moonrise timings in major cities of India):

| शहर | चंद्रोदय का समय (अनुमानित) |

|——|——————|

| दिल्ली | रात 08:10 बजे |

| मुंबई | रात 08:35 बजे |

| कोलकाता | रात 07:50 बजे |

| बेंगलुरु | रात 08:30 बजे |

| चेन्नई | रात 08:20 बजे |

| जयपुर | रात 08:15 बजे |

| लखनऊ | रात 08:05 बजे |

| अहमदाबाद | रात 08:25 बजे |

करवा चौथ व्रत का महत्व (Importance of Karwa Chauth Fast):

करवा चौथ व्रत का संबंध केवल उपवास से नहीं है, बल्कि यह पति-पत्नी के प्रेम और विश्वास का प्रतीक भी है। 

प्राचीन काल में, यह व्रत युद्ध पर जाने वाले सैनिकों की पत्नियां रखती थीं ताकि उनके पति सकुशल घर लौटें।  

इसे सौभाग्य और अखंड सुहाग का व्रत माना जाता है।  

व्रत रखने से स्त्रियों को मानसिक और आध्यात्मिक शांति मिलती है।

करवा चौथ व्रत विधि (Karva Chauth Vrat Vidhi):

1. सरगी (Sargi) का महत्व (Importance of Sargi):

Karva Chauth 2025

सरगी को सूर्योदय से पहले खाया जाता है। यह सास द्वारा दी गई थाली होती है जिसमें फेनिया, मेवे, फल, मिठाई और ड्राई फ्रूट्स होते हैं।  

सरगी खाने से दिनभर ऊर्जा बनी रहती है।

2. निर्जला व्रत का पालन (Observance of Nirjala Vrat):

करवा चौथ का व्रत निर्जला रखा जाता है, यानी पूरे दिन न तो पानी पिया जाता है और न ही भोजन किया जाता है।

3. करवा चौथ पूजन विधि (Karwa Chauth Puja Method):

Karva Chauth 2025

संध्या समय, महिलाएं करवा माता की कथा सुनती हैं।  

16 श्रृंगार करके पूजा स्थल पर बैठती हैं।  

करवा, दीपक, हल्दी-कुमकुम, फूल, चावल और मिठाई से पूजा की जाती है।

4. चंद्रमा को अर्घ्य देने की विधि (Method of offering water to the moon):

Karva Chauth 2025

Karva Chauth 2025 moonrise time in India का इंतजार किया जाता है।  

चंद्रमा देखने के बाद छलनी से पति का चेहरा देखा जाता है।  

पति के हाथ से पानी पीकर व्रत का समापन किया जाता है।

करवा चौथ के नियम और सावधानियां (Rules and precautions of Karva Chauth):

Karva Chauth 2025

गर्भवती महिलाएं और बीमार महिलाएं इस व्रत को रखने से पहले डॉक्टर की सलाह लें।  

यदि कोई महिला निर्जला व्रत नहीं रख सकती तो वह फल, जूस या पानी ले सकती है।  

पूजन के दौरान गलत शब्दों का प्रयोग न करें, यह अशुभ माना जाता है।

निष्कर्ष (Conclusion):

Karva Chauth 2025 हर विवाहित स्त्री के लिए बहुत खास पर्व होगा। इस दिन महिलाएं अपने पति की लंबी उम्र और खुशहाली के लिए व्रत रखेंगी। चंद्र दर्शन और अर्घ्य देने के बाद व्रत पूरा होगा। Karva Chauth 2025 moonrise time in India की जानकारी पहले से ही रखनी चाहिए ताकि सही समय पर पूजा संपन्न की जा सके। यह पर्व न केवल पति-पत्नी के रिश्ते को मजबूत करता है बल्कि पारिवारिक प्रेम और विश्वास को भी बढ़ाता है।


  

Sobha Devi my site festivalgyaan is an experienced admin with a passion for writing. She brings a unique perspective to her work, blending creativity with insight

Sharing Is Caring:

Leave a Comment